वी - रेंट

 

पात्रता

संपत्ति के मालिक, जिन्‍होंने अपनी संपत्ति, प्रतिष्ठित कंपनियों, वाणिज्यिक/औद्योगिक, सॉफ्टवेयर, बहु-राष्‍ट्रीय कंपनियों, बैंकों, प्रतिष्ठित संस्‍थाओं आदि को किराए पर दी हो. यह ऋण, संपत्ति के मालिकों (पट्टेदार) को ही मिलेगा.

ऋण राशि

किराए की असमाप्‍त अवधि के दौरान अपेक्षित किराए की 80% तक अथवा अधिकतम 120 महीने के किराए तक (बेशी/अग्रिम - टीडीएस घटाने के बाद).

मार्जिन

  • 1 लाख रु. तक - निर्बंध.
  • 1 लाख रु. से अधिक, अचल संपत्ति के मामले में, 25% का मार्जिन रखना होगा जब कि अन्‍य अर्थ सुलभ प्रतिभूतियों के मामले में, वह, ऋण राशि के पूरक होना चाहिए.
     

चुकौती

पट्टे की असमाप्‍त अवधि के अंदर अथवा 84 महीनों के अंदर, जो भी पहले हो, मूल धनराशि और ब्‍याज के प्रति समान मासिक क़िस्तों में चुकाना होगा.

प्रतिभूति

  • 1.00 लाख रु. तक ऋण : जमानत रहित
  • 1.00 लाख रु. से अधिक :
    • उस संपत्ति पर, जिसका किराया ऋण के प्रति प्रभारित किया गया हो, प्रथम/समरूप प्रभार के साथ ईएमडीटीडी.

    • अगर उक्‍त संपत्ति की प्रतिभूति उपलब्‍ध न हो तो, अन्‍य संपत्ति/संपत्तियों अथवा अन्‍य प्रभार्य प्रतिभूतियों, जैसे एनएससी, आईवीपी, बैंक की खुद जमाराशियां आदि भी प्राप्‍त की जाती हैं.

     

प्रदर्शन